आपका तो पता नहीं पर मेरे मम्मी पापा एक ही रट लगाए रहते हैं बादाम खाओ, बादाम खाओ, दिमाग के लिए सेहत के लिए अच्छा होता है पर इतना ही काफी नहीं है ऑर्डर है कि भिगो कर रखो बादाम को और फिर खाओ यार ये भीगे हुए बादाम में ऐसी कौन सी सुपर पावर आ जाती है जो सूखे हुए बादाम में नहीं होती? रिसर्च की तो पता चला कि क्यों पूरी दुनिया बादाम को भिगोकर रख कर खाने के लिए कहती है वजह है उसका वो भूरे रंग का छिलका दरअसल इस छिलके में चीज़ होती है और इसका नाम है टनन ज्यादा गहराई में नहीं जाएंगे पर ये एक तरह के एसिड से बना होता है और ये टहनी और पेड़ों के जो शाखा होती हैं उनमें भी होता है भूरे रंग का खैर टनन भाई साहब बादाम में जो न्यूट्रिशन होता है उसे रोक के रखते है पानी में भीगने से बादाम के ऊपर का जो छिलका है वो काफी आसानी से निकल जाता है और बादाम का जो सारा न्यूट्रिशन है वो जाता है आपके पेट के अंदर बादाम भिगोकर खाना चाहिए ये तो सब कहते हैं, पर क्यों ये समझ में आया आपको
क्या आप जानते हैं आपकी पैंतीस किलो स्किन गायब हो जाती है
अब घर पर आप आटे का पैकेट तो लाते ही होंगे अब सोचिए आप एक दस किलो का आटे का पैकेट लाए कितना भारी होगा वो अंदाजा लगभग हो ही गया होगा अब ऐसे ही तीन पैकेट उठा लीजिये कितना वजन उठाया आपने तीस किलो अब इसमें पांच किलो और जोड़ लीजिए बना पैंतीस किलो अब एक बात बताये ये जो पैंतीस किलो है ना इतना ही बराबर आपकी स्किन गायब हो जाती है जी आप अपनी पूरी जिंदगी में लगभग पैंतीस किलो स्किन यूज़ करते हैं
इसके बारे में हमें बताया डॉक्टर गोविंद ने अब जैसे साँप होता है ना उसकी स्किन जो है वो झडती रहतीं हैं, नयी आती है, कुछ ऐसा ही इंसानों के साथ भी होता है अब डेड स्किन के बारे में तो आपने सुना ही होगा, डेड स्किन झडती है ना इसके आती है वो इसलिए क्योंकि आपकी स्किन जिंदा है, ये बनी होती है कुछ सेल से सेल्स बोले तो हर चीज़ की शुरुआत ऐसे आँखों से वो नहीं देखते हैं पर सब जिन्दा चीजें उसी से बनी होती है लाइफ का सबसे छोटा यूनिट सबसे छोटा अंश खैर स्किन सेल्स की बात करें तो ये आपकी स्किन बनाते हैं और इसमें होता है एक तरह का प्रोटीन आपको पता नहीं चलता पर हर मिनट चालीस हज़ार डेड स्किन सेल्स आपकी स्किन से निकल जाते हैं अब पूरी जिंदगी को जोड़कर लगाए तो ये बन जाएंगे पैंतीस किलो तक यही आपकी स्किन निकलती है अब इसके पीछे गणित यह है कि इंसान अपने वजन के आगे वेट के बराबर स्किन जो है वो सेट करता है यानी जो उसकी स्किन है वो निकलती है, झडती है इसलिए आपके वो पिम्पल, वो निशान जो आपके स्क्रीन पर पड़ जाते हैं कुछ समय बाद आप देखते होंगे की वो हल्के पड़ने लगते हैं, है ना? मजेदार बात

