#1 Latest नमी में पसीना आने से होता है खुजली और फंगल इंफेक्शन || Know What To Do

 

Fungal Infections: Types, Symptoms, and Treatments || publicsehat
Credits Image : healthline

शीला अट्ठाईस साल की है और मुंबई की रहने वाली है हालांकि मुंबई की बारिश किसे पसंद नहीं पर शीला को बारिश और गर्मी के मौसम से सख्त चिढ़ है वजह है उमस यानी ह्यूमिडिटी इस मौसम में उनको हद से ज्यादा पसीना आता है जिसकी वजह से हर साल उन्हें फंगल इन्फेक्शन हो जाता है उन्हें दाद, खाज और खुजली की परेशानी रहती है उमस के कारण उन्हें और ज्यादा चिपचिपापन महसूस होता है ऐसे में उन्हें ज्यादा खुजली भी होती है 


 शीला चाहती है की हम उनकी मदद करे हर साल होने वाले फंगल इन्फेक्शन से बचने के तरीके उन्हें बताएं वैसे पसीने से फंगल इन्फेक्शन होने की समस्या सिर्फ शीला की नहीं है  इस मौसम में हमें कई लोगों ने मेल करके बताया है क्योंकि समस्या से जूझ रहे हैं वो एक्स्पर्ट से कुछ आसान टिप्स जानना चाहते हैं जो उनकी मदद कर सकें तो भाई बिलकुल बताएंगे, पर उससे पहले एक और जरूरी बात कुछ लोगों को दूसरों के मुकाबले ज्यादा पसीना आता है और इसका किसी खास मौसम से लेना देना नहीं है इस पसीने के कारण उन्हें इन्फेक्शन से भी ज्यादा होते है ऐसे में पहले उन कारणों के बारे में जान लेते हैं जिनकी वजह से स्वीटिंग ज्यादा होती है 


ज्यादा पसीना किन कारणों से आता है 


तनाव शरीर में हार्मोनल चेंजेज स्मोकिंग, डायबिटीज़, मोटापा ज्यादा पावर वाली एंटीबायोटिक्स मेनोपाॅज थायरॉईड  ग्रंथी की बीमारियां ऑइली और कैफीन युक्त चीजों का सेवन शरीर को स्वच्छ न रखने वाले लोगों को भी ज्यादा पसीना आ सकता है हमारे शरीर में दो तरह की पसीने की ग्रंथियां होती हैं एपोक्राइन,  इक्राइन, इनकी ओवर ऐक्टिविटी या इनमें इन्फेक्शन होने के कारण ज्यादा पसीना आने की समस्या होती है


पसीने से किस तरह की स्किन इन्फेक्शन हो सकते हैं



शरीर के तापमान को नियंत्रित रखने के लिए पसीना जरूरी है, पर अधिक पसीना हमारे स्वास्थ्य के लिए हानिकारक भी हो सकता है गर्मी के दिनों में ज्यादा पसीना होने की वजह से हमारे शरीर से दुर्गंध आने लगती है ज्यादा  पसीने की वजह से हमें बैक्टीरियल, फंगल इंफेक्शन होने का और फैलने का डर रहता है  दाद खाज खुजली जैसे फंगल इन्फेक्शन हमारे बगल में, जांघों के बीच में, और हमारे पैरों की उंगलियों के बीच में हो सकते हैं 


किन लक्षणों को देखकर सतर्क हो जाने की जरूरत है



शरीर को तरह तरह की बीमारियों का सामना करना पड़ता है जैसे दाँत खाज, खुजली और दाने ,दाने मिलकर धीरे धीरे चकते का रूप ले लेते हैं तलवे में लालिमा जैसे प्रकार भी होता है शरीर में फोड़े, फुंसी, घमोरियां, और जलना भी हो सकता है पसीने की वजह से गीलापन और चिपचिपापन रहने लगता है जागो के बीच गुप्त अंग में पपड़ीदार चमड़ी निकलने लगती है, जिसकी वजह से बहुत ज्यादा डिस्कम्फर्ट महसूस होता है 


बचाव 


नहाने से पहले हमें पूरे शरीर पे  नारियल का तेल लगाना चाहिए गर्म पानी से नहीं नहाना चाहिए हमें गीले  कपड़े नहीं पहनने चाहिए कॉटन या फिर पसीना सोखने वाले कपड़े पहनने चाहिये नमी और गीलेपन से बचने के लिए ऐंटि फंगल डस्टिन पाउडर का यूज़ करना चाहिए जिनमें दो बार ऐंटी बैक्टीरियल सोप से नहाना चाहिए


 मिर्च मसाले वाला खाना और अल्कोहल वाली चीजों से हमें परहेज करना चाहिए खुद को रिलैक्स करने के लिए योगा और एक्सरसाइज करनी चाहिए पसीना कम आने के लिए ऐंटिपर्सपिरेंट प्रेस का इस्तेमाल  कर सकते हैं पानी का सेवन ज्यादा करना चाहिए पानी हमारे शरीर के तापमान को नियंत्रित रखने में मदद करता है और उससे हमें पसीना कम आता है शरीर के तापमान को बनाए रखने के लिए कैल्शियम रिच फूड जैसे की लो फैट दूध, दही और चीज़ का सेवन करना चाहिए अपने खाने में नैचुरली खट्टी फलों और सब्जियों का सेवन करना चाहिए जैसे अंगूर, मौसमभी ,संतरा खरबूजा और तरबूज 


इलाज



- एंटीपर्सपिरेंट स्प्रे जिसमें एल्युमीनियम क्लोराइड हो, वो इस्तेमाल करें (बिना डॉक्टर की सलाह के न लें)

 - नर्व ब्लॉक करने वाली दवाइयां ले सकते हैं (बिना डॉक्टर की सलाह के न लें)  

 - ट्राइसाइक्लिक एंटीडिप्रेसेंट्स ले सकते हैं (बिना डॉक्टर की सलाह के न लें)

 - एंटी-कोलोजेनिक दवाइयां जैसे ग्लाइकोपाइरोलेट ले सकते हैं (बिना डॉक्टर की सलाह के न लें)

 - ट्राइसाइक्लिक एंटीडिप्रेसेंट्स ले सकते हैं (बिना डॉक्टर की सलाह के न लें)

 -एंटी-कोलोजेनिक दवाइयां जैसे ग्लाइकोपाइरोलेट ले सकते हैं (बिना डॉक्टर की सलाह के न लें) 

- मुहांसों पर एंटी-एक्ने क्रीम लगानी चाहिए चकत्ते होने पर ओरल एंटी-फंगल टैबलेट्स ले सकते हैं (बिना डॉक्टर की सलाह के न लें)

- टॉपिकल क्रीम्स का इस्तेमाल कर सकते हैं

 - खुजली के लिए एंटी-एलर्जिक दवाइयां ले सकते हैं

- एडवांस ट्रीटमेंट में बोटोक्स इंजेक्शन दिए जाते हैं

- जो पसीने की ग्रंथियों को ब्लॉक कर देते हैं


तो भाई जिन जिन लोगों को पसीने से फंगल इन्फेक्शन की समस्या रहती है वो डॉक्टर त्रिपति की बताई गई टिप्स जरूर फॉलो करें असर देखने को मिलेगा 

Post a Comment

Previous Post Next Post